रायबरेली, NOI : करीब एक सप्ताह पहले क्षेत्र में घर के भीतर महिला की हत्या कर दी गई थी। इस प्रकरण में पुलिस ने केस दर्ज करके एक आरोपित को पकड़ भी लिया, लेकिन बाद में सच सामने आया तो लोगों की आंखें फटी की फटी रह गईं। महिला की बेटी ही उसकी हत्यारोपित निकली। पुलिस ने उसे बाल सुधार गृह लखनऊ भेज दिया है।

क्षेत्र के गांव निवासी महिला की 9 मई को घर के भीतर सिलबट्टे से हत्या कर दी गई थी। वारदात के वक्त घर पर उसकी 16 वर्षीय बेटी मौजूद थी। उसने बताया कि वारदात के कुछ देर पहले उसके पिता के दोस्त मनीष प्रजापति अपने दो साथियों के साथ घर आए थे। इन्हीं लोगों ने उसकी मां की हत्या कर दी। उसने शोर मचाया तो तीनों आरोपित वहां से भाग निकले।

संदेह होने पर खुलराज : पुलिस जब मनीष को खोजने निकली तो पता चला कि वह पास के गांव में मजदूरी कर रहा है। वहां काम कर रहे लोगों ने भी बताया कि मनीष काफी देर से वहीं पर काम कर रहा है। इस पर पुलिस को संदेह हुआ। गहराई से मामले की जांच की गई तो सच सामने आ गया।

मां को छत से दिया धक्का : सीओ महिपाल पाठक ने बताया कि किशोरी मोबाइल पर किसी लड़के से बात करती थी। इसी बात को लेकर उसकी मां तीन बार उसका मोबाइल तोड़ चुकी थी। वारदात वाले दिन भी इसी बात को लेकर मां ने बेटी की पिटाई की थी। नाराज होकर किशोरी छत पर चली गई थी। मां जब सीढ़ी लगाकर उसे बुलाने गई, तभी किशोरी ने उसे धक्का दे दिया। वह आंगन में पेट के बल गिरी और बेहोश हो गई। इसी बीच किशोरी भी आंगन में आ गई और सिलबट्टे से अपनी मां पर हमला कर दिया।

मनीष पर मढ़ा आरोप : सात मई को मनीष से किशोरी के पिता का झगड़ा हुआ था। मनीष ने सोमवार को उसे देख लेने की धमकी दी थी। ये बात किशोरी को पता थी। सोमवार को जब वारदात हो गई तो उसने मनीष पर आरोप मढ़ दिया।

'किशोरी ने ही अपनी मां की हत्या की थी, इसके कई साक्ष्य पुलिस के पास हैं। उसे बाल सुधार गृह भेज दिया गया है।  -श्लोक कुमार, पुलिस अधीक्षक

0 Comments

Leave A Comment

Don’t worry ! Your email address will not be published. Required fields are marked (*).

Get Newsletter

Advertisement